एक तरफ फोर लेन सडक दूसरे तरफ जर्ज़र सड़क के लिए चक्का जाम…. अंबिकापुर ओडिशा मार्ग के लिए वित्त मंत्री ओपी चौधरी की शानदार सौगात वही तमनार क्षेत्र के लोगों का चलना हुआ दूभर…. क्या इन लोगों को भी लेगी सौगात….
साकेत पाण्डेय..... 7869475276...

अकलतरा-रायगढ़-ओडिशा बार्डर तक राष्ट्रीय राजमार्ग को फोरलेन बनाने की स्वीकृति प्रदान किए जाने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी का रायगढ़ वासियों की ओर से आभार व्यक्त किया है। फोर लेन हेतु इस स्वीकृति से राज्य में सड़क नेटवर्क मजबूत होगा और कनेक्टिविटी बढ़ेगी। माननीय मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के कुशल मार्गदर्शन और उपमुख्यमंत्री अरुण साव के निर्देश में छत्तीसगढ़ राज्य प्रगति के पथ पर अग्रसर हो रहा है। राज्य सरकार की दृढ़ इच्छा शक्ति और बड़ी परियोजनाओं के लिए केंद्रीय नेतृत्व की सहमति राज्य विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा।
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने भारतीय सड़क कांग्रेस के 83 वें वार्षिक अधिवेशन में इस आशय की घोषणा की, जिसमें उन्होंने छत्तीसगढ़ में चार प्रमुख राष्ट्रीय राजमार्गों को फोरलेन बनाने की स्वीकृति दी। इन राजमार्गों में धमतरी से जगदलपुर (NH-30), रायपुर से बलौदाबाजार (NH-130D), कटघोरा से अंबिकापुर (NH-130), और बिलासपुर से अकलतरा (रायगढ़)-ओडिशा बार्डर तक के मार्ग शामिल हैं। यह कदम राज्य के सड़क नेटवर्क को और भी मजबूत करने और परिवहन की सुविधाओं को बेहतर बनाने में मदद करेगा।

रायगढ़ से ओडिशा बार्डर तक इस फोरलेन मार्ग के निर्माण से न केवल राज्य की अर्थव्यवस्था को गति मिलेगी, बल्कि यह छत्तीसगढ़ और उड़ीसा के बीच सामरिक और व्यापारिक गतिविधियों को भी बढ़ावा देगा। इसके अलावा, इस मार्ग के पर्यटकों के लिए सुविधाजनक होने से राज्य के पर्यटन क्षेत्र को भी प्रोत्साहन मिलेगा। स्थानीय कारोबारियों को भी इस परियोजना से लाभ होगा, क्योंकि यह मार्ग व्यापार और माल परिवहन के लिए महत्वपूर्ण कनेक्टिविटी प्रदान करेगा, जिससे आर्थिक गतिविधियाँ और व्यापारिक अवसर बढ़ेंगे।

रायगढ़ जिले के तमनार खम्हरिया के ग्रामीणों ने वर्षों से घटिया और जर्जर सड़क के निर्माण की मांग को लेकर पिछले दिनों अनिश्चितकालीन आंदोलन किया था। जिसमें प्रशासन ने सड़क निर्माण करने का आश्वासन दिया था लेकिन महीनों बीत जाने के बाद भी प्रशासन ने सड़क निर्माण शुरू नहीं कराया। ग्रामीण अब प्रशासन के इस आश्वासन को झूठा करार दे रहे हैं। अब उन्होंने पुनः एसडीएम घरघोड़ा को ज्ञापन सौंप कर आगामी 13 नवंबर से खम्हरिया में अनिश्चितकालीन चक्का जाम धरना आंदोलन करने की चेतावनी दे दी है।
यहां बता दे की 16 -17 अगस्त को भारी संख्या में ग्रामीणों ने सड़क निर्माण की मांग को लेकर चक्का जाम आंदोलन किया था जिसका समर्थन वहां की विधायक विद्यावति सिदार ने भी किया था ग्रामीणों के
आक्रोश को मद्देनजर रखते हुए जिला प्रशासन ने सड़क निर्माण कार्य प्रारंभ करने का आश्वासन दिया था। इस आश्वासन के मिलने के बाद ग्रामीणों ने चक्का जाम स्थगित कर दिया। लेकिन प्रशासन ने ग्रामीणों के आश्वासन पर पानी फेर दिया है जिला प्रशासन के इस निष्क्रिय और उदासीन रवैया के खिलाफ दोबारा ग्रामीण आंदोलन करने वाले हैं। अब देखना होगा कि राज्य सरकार इस मामले में किस तरह की कार्यवाही करती है।













